महाराष्ट्र: दसवीं–बारहवीं की परीक्षाओं पर सख्त पहरा! सीसीटीवी और ड्रोन से होगी निगरानी; गैरकानूनी गतिविधियों पर गैर-जमानती केस, सरकार का दो टूक संदेश

पुणे: (काविश-ए-जमील न्यूज़) : महाराष्ट्र स्टेट बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एंड हायर सेकेंडरी एजुकेशन की ओर से आयोजित होने वाली दसवीं और बारहवीं की परीक्षाओं को पारदर्शी, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। इसके तहत राज्यस्तरीय सतर्कता समिति का गठन किया गया है। परीक्षाओं के दौरान नकल मुक्त अभियान को सख्ती से लागू करने और विद्यार्थियों को तनावमुक्त वातावरण देने की जिम्मेदारी इस समिति को सौंपी गई है। अब परीक्षा केंद्रों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी सीधे जिला प्रशासन के नियंत्रण में रहेगी।
इस संबंध में स्कूल शिक्षा विभाग ने आधिकारिक तौर पर शासन निर्णय (जीआर) जारी कर दिया है। दसवीं और बारहवीं की परीक्षाएं बेहतर और गुणवत्तापूर्ण माहौल में हों, इसके लिए पहले से ही कई उपाय किए जाते हैं। इसी के तहत हर जिले में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में सतर्कता समिति गठित की गई है। इन समितियों के सदस्यों को परीक्षा अवधि के दौरान केंद्रों का दौरा कर मौके पर निरीक्षण करना अनिवार्य होगा।
डिविजनल बोर्ड द्वारा जिन परीक्षा केंद्रों को “संवेदनशील” और “उपद्रवी” घोषित किया गया है, वहां विशेष निगरानी व्यवस्था लागू की जाएगी। हालांकि जिला स्तर पर समितियां पहले से कार्यरत हैं, लेकिन राज्यभर में बेहतर समन्वय, नियंत्रण और प्रभावी अमल के लिए एक अलग राज्यस्तरीय सतर्कता समिति का गठन किया गया है।
यह राज्यस्तरीय समिति शिक्षा आयुक्त की अध्यक्षता में कार्य करेगी। इसमें राज्य बोर्ड के अध्यक्ष, सभी क्षेत्रों के विशेष पुलिस महानिरीक्षक, अतिरिक्त आयुक्त, विभागीय आयुक्त, प्राथमिक शिक्षा निदेशक, माध्यमिक शिक्षा निदेशक, शिक्षा योजना निदेशक और राज्य बोर्ड के सचिव शामिल होंगे। इस समिति पर पूरे राज्य में नकल मुक्त अभियान को प्रभावी बनाना और परीक्षाओं को शांतिपूर्ण व तनावमुक्त माहौल में संपन्न कराना बड़ी जिम्मेदारी होगी।
जिला स्तरीय समिति की जिम्मेदारियां
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परीक्षा से एक दिन पहले यह सुनिश्चित करना कि परीक्षा केंद्र की सभी भौतिक सुविधाएं ठीक हैं।
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जिले के सभी संवेदनशील और उपद्रवी परीक्षा केंद्रों की जानकारी एकत्र करना।
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परीक्षा केंद्रों के सभी कमरों में सीसीटीवी कैमरे लगे हों और रिकॉर्डिंग सुरक्षित हो रही है, इसकी पुष्टि करना।
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संवेदनशील और उपद्रवी परीक्षा केंद्रों के आसपास ड्रोन कैमरों से निगरानी रखना।
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नकल मुक्त अभियान के लिए सीसीटीवी का नियंत्रण जिला प्रशासन कार्यालय में रखना।
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बड़े परीक्षा केंद्रों के लिए प्रश्नपत्र ले जाने और उत्तर पुस्तिकाएं एकत्र करने हेतु सरकारी वाहनों की व्यवस्था करना।
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प्रश्नपत्रों के परिवहन के दौरान सहायक पर्यवेक्षक के साथ पुलिसकर्मी या होमगार्ड तैनात करना।
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सभी परीक्षा केंद्रों पर फ्लाइंग स्क्वाड, स्टैटिक स्क्वाड और पुलिस बंदोबस्त नियुक्त करना।
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फ्लाइंग स्क्वाड में कम से कम एक महिला प्रतिनिधि को शामिल करना।
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किसी भी केंद्र पर नकल या अनियमितता पाए जाने पर उकसाने वालों, मदद करने वालों और शामिल लोगों के खिलाफ संज्ञेय और गैर-जमानती अपराध दर्ज करना।
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परीक्षा केंद्र के 500 मीटर के दायरे में स्थित फोटो कॉपी की दुकानें बंद रखना।



